भारत सरकार की प्रमुख सरकारी योजनाएँ 2026 (Major Government Schemes of Indian Government 2026)
Government Schemes for UPSC, UPPCS, BPSC, SSC, Railway & Banking
भारत सरकार द्वारा कृषि, खाद्य सुरक्षा, वित्तीय समावेशन, सामाजिक सुरक्षा, रोजगार, ग्रामीण विकास, शहरी विकास, स्वास्थ्य और शिक्षा जैसे विभिन्न क्षेत्रों में अनेक महत्वपूर्ण योजनाएँ संचालित की जाती हैं। प्रतियोगी परीक्षाओं में इन योजनाओं से संबंधित प्रश्न सामान्यतः योजना की शुरुआत, मंत्रालय, प्रकृति, लक्षित वर्ग, उद्देश्य, वित्तीय सहायता और प्रमुख विशेषताओं पर आधारित होते हैं।
📚 विषय-सूची
- कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय
- खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्रालय
- वित्त मंत्रालय
- श्रम एवं रोजगार मंत्रालय
- आवासन एवं शहरी कार्य मंत्रालय
- ग्रामीण विकास मंत्रालय
- स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय
- शिक्षा मंत्रालय
- महत्वपूर्ण योजनाओं का Quick Revision
- परीक्षा के लिए One-Liner Facts
1. कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय
1. डिजिटल कृषि मिशन — Digital Krishi Mission
शुरुआत: 2024
प्रकृति: केंद्रीय क्षेत्रक योजना तथा राज्य IT समर्थन हेतु केंद्रीय प्रायोजित घटक
मंत्रालय/एजेंसी: MoA&FW तथा MNCFC
मुख्य उद्देश्य
किसानों को डिजिटल सेवाएँ उपलब्ध कराने के लिए AgriStack आधारित Digital Public Infrastructure विकसित करना।
प्रमुख विशेषताएँ
- Farmer ID को भूमि रिकॉर्ड से जोड़ना।
- Geo-referencing का उपयोग।
- बोई गई फसल की Registry तैयार करना।
- Decision Support System (DSS) में Satellite एवं Weather Data का उपयोग।
- फसल अनुमान को बेहतर बनाना।
- PMFBY दावों के निपटान में तेजी लाना।
2. राष्ट्रीय खाद्य तेल मिशन–तिलहन — NMEO-Oilseeds
शुरुआत: 2024
अवधि: 2024–25 से 2030–31
प्रकृति: केंद्र प्रायोजित योजना
मंत्रालय/एजेंसी: MoA&FW, ICAR एवं राज्य बीज निगम
मुख्य उद्देश्य
घरेलू खाद्य तेल उत्पादन बढ़ाकर भारत की खाद्य तेल आयात निर्भरता को कम करना।
प्रमुख तथ्य
| बिंदु | जानकारी |
|---|---|
| बजट | ₹10,103 करोड़ |
| उत्पादन लक्ष्य | 39 MT से 69.7 MT |
| प्रमुख तिलहन | सरसों, मूंगफली, सोयाबीन, सूरजमुखी |
| प्रमुख डिजिटल प्लेटफॉर्म | SATHI Portal |
SATHI Portal के माध्यम से उच्च उपज वाले प्रमाणित बीजों की Tracking पर जोर दिया गया है।
3. दलहन में आत्मनिर्भरता मिशन
अवधि: 2025–26 से 2030–31
प्रकृति: केंद्र प्रायोजित योजना
मंत्रालय/एजेंसी: MoA&FW, NAFED, NCCF एवं ICAR
मुख्य उद्देश्य
घरेलू दलहन उत्पादन बढ़ाकर दालों में आत्मनिर्भरता प्राप्त करना।
प्रमुख विशेषताएँ
- 310 लाख हेक्टेयर में 350 लाख टन दलहन उत्पादन का लक्ष्य।
- PM-AASHA के PSS के तहत अरहर, उड़द और मसूर की MSP पर 100% खरीद की गारंटी।
- 88 लाख मुफ्त बीज किट का प्रावधान।
- 1,000 प्रसंस्करण इकाइयों की स्थापना हेतु ₹25 लाख तक की सब्सिडी।
4. राष्ट्रीय खाद्य तेल मिशन–ऑयल पाम — NMEO-OP
शुरुआत: 2021
अवधि: 2021–22 से 2025–26
प्रकृति: केंद्र प्रायोजित योजना
मंत्रालय/एजेंसी: MoA&FW एवं राज्य कृषि विभाग
मुख्य उद्देश्य
खाद्य तेलों में आत्मनिर्भरता प्राप्त करना तथा आयात निर्भरता को कम करना।
प्रमुख विशेषताएँ
- 5 वर्षों में 6.5 लाख हेक्टेयर अतिरिक्त क्षेत्र में Oil Palm लगाने का लक्ष्य।
- पूर्वोत्तर राज्यों पर विशेष ध्यान।
- पूर्वोत्तर में लगभग 3.28 लाख हेक्टेयर क्षेत्र पर विशेष फोकस।
- अंडमान एवं निकोबार द्वीप समूह भी योजना के दायरे में।
5. राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा मिशन — NFSM
शुरुआत: 2007
प्रकृति: केंद्र प्रायोजित योजना
मंत्रालय: MoA&FW
मुख्य उद्देश्य
चावल, गेहूँ, दलहन एवं पोषक अनाज यानी Millets के उत्पादन में सतत वृद्धि करना।
प्रमुख विशेषताएँ
- खाद्य सुरक्षा के साथ पोषण सुरक्षा पर जोर।
- बाजरा क्षेत्र में 25 बीज केंद्र स्थापित।
- Millet ecosystem में 500+ Start-ups को समर्थन।
UPPCS में संबंधित प्रश्न: 2017
6. राष्ट्रीय कृषि विकास योजना — RKVY
शुरुआत: 2007–08
प्रकृति: केंद्र प्रायोजित योजना
मुख्य उद्देश्य
कृषि एवं संबंधित क्षेत्रों में राज्यों के निवेश और विकास को बढ़ावा देना।
राज्यों को लचीलापन
राज्यों को अपनी कृषि-जलवायु परिस्थितियों और प्राथमिकताओं के अनुसार योजना के चयन, निर्माण एवं क्रियान्वयन में लचीलापन दिया जाता है।
वित्तीय साझेदारी
| राज्य/क्षेत्र | केंद्र : राज्य |
|---|---|
| सामान्य राज्य | 60 : 40 |
| पूर्वोत्तर एवं हिमालयी राज्य | 90 : 10 |
| केंद्रशासित प्रदेश | 100% केंद्रीय वित्तपोषण |
वर्तमान नाम
2024–25 से इसे प्रधानमंत्री राष्ट्रीय कृषि विकास योजना — RKVY-PM के रूप में जारी किया गया है।
प्रमुख विशेषताएँ
- 2017–18 में RKVY को RKVY-RAFTAAR के रूप में जारी किया गया।
- कृषि को लाभकारी गतिविधि बनाने पर जोर।
- कृषि उद्यमिता को बढ़ावा।
- 2022–23 से Cafeteria Scheme के रूप में पुनर्गठन।
- मृदा स्वास्थ्य।
- वर्षा आधारित क्षेत्र विकास।
- PKVY।
- Per Drop More Crop।
- कृषि यंत्रीकरण।
- कृषि वानिकी।
- फसल विविधीकरण।
- कृषि Start-ups को वित्तीय सहायता, प्रशिक्षण एवं Incubation।
- राज्य स्तरीय स्वीकृति समिति तथा परियोजना अनुमोदन समिति के माध्यम से संस्थागत व्यवस्था।
- R-ABI Incubators को ₹25 लाख तक की सहायता।
- Agribusiness स्तर पर Pre/Incubation के लिए ₹5 लाख तक।
- 2024–25 से विद्यार्थियों को ₹4 लाख तक सहायता।
UPPCS: 2009, 2017
7. प्रधानमंत्री धन-धान्य कृषि योजना — PMDDKY
शुरुआत: 2025
अवधि: FY 2025–26 से 6 वर्ष
प्रकृति: केंद्रीय क्षेत्रक योजना
मंत्रालय/एजेंसी: MoA&FW, नीति आयोग एवं जिला धन-धान्य समितियाँ
मुख्य उद्देश्य
कम कृषि प्रदर्शन वाले जिलों में:
- कृषि उत्पादकता बढ़ाना।
- फसल सघनता बढ़ाना।
- कृषि ऋण की उपलब्धता बढ़ाना।
प्रमुख विशेषताएँ
| बिंदु | विवरण |
|---|---|
| कवरेज | 100 आकांक्षी कृषि जिले |
| वार्षिक बजट | ₹24,000 करोड़ |
| Convergence | 11 मंत्रालयों की 36 योजनाएँ |
| चयन आधार | कम फसल उत्पादकता, 155% से कम फसल सघनता एवं कम ऋण वितरण |
जिला स्तर पर धन-धान्य समितियों के माध्यम से योजनाओं के बेहतर समन्वय पर जोर दिया गया है।
8. प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि — PM-KISAN
प्रकृति: केंद्रीय क्षेत्रक योजना
वित्तपोषण: भारत सरकार द्वारा 100% वित्तपोषित
संचालन: 1 दिसंबर 2018 से
लक्षित वर्ग: पात्र भूमिधारक किसान परिवार
उद्देश्य
किसान परिवारों को आय सहायता प्रदान करना तथा कृषि एवं घरेलू आवश्यकताओं से संबंधित खर्चों में सहायता देना।
वित्तीय लाभ
- ₹6,000 प्रति वर्ष।
- ₹2,000 की 3 समान किस्तें।
- DBT के माध्यम से सीधे बैंक खाते में भुगतान।
लाभार्थी की पहचान
पात्र किसान परिवारों की पहचान राज्य सरकार/केंद्रशासित प्रदेश प्रशासन द्वारा की जाती है।
परिवार में:
- पति
- पत्नी
- नाबालिग बच्चे
शामिल होते हैं।
याद रखें
PM-KISAN = ₹6,000 + 3 किस्तें + DBT + 100% केंद्रीय वित्तपोषण
9. प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना — PMKSY
शुरुआत: 1 जुलाई 2015
प्रकृति: केंद्र प्रायोजित योजना
मंत्रालय/एजेंसी: MoA&FW एवं राज्य कृषि विभाग
मुख्य उद्देश्य
सिंचाई क्षेत्र का विस्तार एवं जल उपयोग की दक्षता बढ़ाना।
प्रमुख विशेषताएँ
“हर खेत को पानी”
सुनिश्चित सिंचाई पर जोर।
“प्रति बूंद–अधिक फसल”
जल उपयोग दक्षता पर जोर।
प्रमुख घटक
- Accelerated Irrigation Benefit Programme — AIBP
- Per Drop More Crop
जल स्रोत, वितरण और खेत स्तर पर जल के कुशल उपयोग को एकीकृत किया जाता है।
2. खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्रालय
10. राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम — NFSA, 2013
लागू: 5 जुलाई 2013
संसद द्वारा पारित: 12 सितंबर 2013
प्रकृति: अधिकार-आधारित कानूनी ढाँचा
कवरेज
| क्षेत्र | कवरेज |
|---|---|
| ग्रामीण आबादी | 75% |
| शहरी आबादी | 50% |
मुख्य उद्देश्य
पात्र लोगों को खाद्य एवं पोषण सुरक्षा का कानूनी अधिकार प्रदान करना।
प्रमुख विशेषताएँ
- प्रत्येक पात्र व्यक्ति को 5 किलोग्राम खाद्यान्न प्रति माह।
- अंत्योदय परिवारों को 35 किलोग्राम प्रति परिवार प्रति माह।
- चावल, गेहूँ एवं मोटे अनाज के लिए रियायती दरों का प्रावधान।
- खाद्यान्न की खरीद, आवंटन एवं वितरण में केंद्र और राज्य सरकारों की स्पष्ट जिम्मेदारियाँ।
11. प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना — PMGKAY
शुरुआत: मार्च 2020
प्रकृति: केंद्रीय क्षेत्रक योजना
प्रशासित विभाग: खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण विभाग
लक्षित वर्ग
राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम के पात्र लाभार्थी।
मुख्य उद्देश्य
गरीब एवं कमजोर परिवारों की खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित करना।
प्रमुख विशेषताएँ
- प्रत्येक पात्र व्यक्ति को 5 किलोग्राम मुफ्त खाद्यान्न प्रति माह।
- जनवरी 2023 से इसे निःशुल्क खाद्यान्न वितरण के रूप में आगे बढ़ाया गया।
- NFSA के अंतर्गत पात्र परिवारों को सीधा लाभ।
12. अंत्योदय अन्न योजना — AAY
शुरुआत: 25 दिसंबर 2000
लक्षित वर्ग: समाज के सबसे गरीब परिवार
प्रमुख विशेषताएँ
- प्रत्येक पात्र परिवार को 35 किलोग्राम खाद्यान्न प्रति माह।
- अत्यधिक रियायती दर पर खाद्यान्न उपलब्धता।
- वर्तमान खाद्य सुरक्षा व्यवस्था में महत्वपूर्ण लक्षित घटक।
13. एक राष्ट्र, एक राशन कार्ड — ONORC
शुरुआत: अगस्त 2019
प्रकृति: केंद्रीय पहल
लक्षित वर्ग: NFSA लाभार्थी, विशेषकर प्रवासी श्रमिक
मुख्य उद्देश्य
राशन कार्ड की देशव्यापी Portability सुनिश्चित करना।
प्रमुख विशेषताएँ
- आधार आधारित Biometric Authentication।
- राज्य के भीतर राशन Portability।
- अंतर-राज्यीय राशन Portability।
- प्रवासी लाभार्थी देश में किसी भी संबंधित राशन दुकान से खाद्यान्न प्राप्त कर सकते हैं।
14. मूल्य स्थिरीकरण कोष — Price Stabilization Fund
शुरुआत: 2014–15
उपभोक्ता मामले विभाग को हस्तांतरण: अप्रैल 2016
प्रकृति: केंद्रीय क्षेत्रक योजना
मुख्य उद्देश्य
आवश्यक कृषि एवं बागवानी वस्तुओं की कीमतों में अत्यधिक उतार-चढ़ाव को नियंत्रित करना।
प्रमुख विशेषताएँ
- Buffer Stock का निर्माण।
- आवश्यकता पड़ने पर बाजार हस्तक्षेप।
- प्रमुख वस्तुएँ:
- प्याज
- आलू
- दालें
- उपभोक्ताओं को महँगाई के प्रभाव से बचाने पर जोर।
15. जागो ग्राहक जागो
शुरुआत: 2005
प्रकृति: केंद्रीय क्षेत्रक पहल
प्रशासित विभाग: उपभोक्ता मामले विभाग
मुख्य उद्देश्य
उपभोक्ताओं को उनके अधिकारों, मानकों एवं सुरक्षित खरीद व्यवहार के प्रति जागरूक करना।
प्रमुख विषय
- ISI
- AGMARK
- अधिकतम खुदरा मूल्य (MRP)
- उपभोक्ता अधिकार
- धोखाधड़ी से बचाव
- अनुचित व्यापार व्यवहार के प्रति जागरूकता
3. वित्त मंत्रालय
16. प्रधानमंत्री जन-धन योजना — PMJDY
शुरुआत: 28 अगस्त 2014
प्रकृति: वित्तीय समावेशन हेतु राष्ट्रीय मिशन
मुख्य उद्देश्य
बैंकिंग सुविधा से वंचित आबादी को औपचारिक बैंकिंग प्रणाली से जोड़ना।
फोकस में बदलाव
प्रारंभिक फोकस था:
“हर परिवार के लिए कम-से-कम एक बेसिक बैंक खाता”
14 अगस्त 2018 से फोकस:
“हर परिवार” → “हर बैंकिंग-विहीन वयस्क”
प्रमुख विशेषताएँ
- Basic Savings Bank Deposit — BSBD Account।
- न्यूनतम बैलेंस की आवश्यकता नहीं।
- RuPay Debit Card।
- निर्धारित शर्तों के अधीन ₹2 लाख का दुर्घटना बीमा कवर।
- ₹10,000 तक Overdraft सुविधा।
- Bank Mitras।
- ग्रामीण एवं दूरदराज क्षेत्रों में बैंकिंग सुविधा।
- Financial Literacy को बढ़ावा।
UPPCS: 2017
17. प्रधानमंत्री मुद्रा योजना — PMMY
शुरुआत: 2015
प्रकृति: केंद्रीय क्षेत्रक योजना
मंत्रालय/एजेंसी: वित्त मंत्रालय; MUDRA
मुख्य उद्देश्य
गैर-कॉरपोरेट, गैर-कृषि छोटे एवं सूक्ष्म उद्यमों को सुलभ ऋण उपलब्ध कराना।
प्रमुख विशेषताएँ
- बिना जमानत ऋण — Collateral-free Credit।
- विनिर्माण।
- व्यापार।
- सेवा।
- कृषि-संबंधित गतिविधियाँ।
- बैंक, NBFC एवं MFI के माध्यम से ऋण।
- Term Loan।
- Working Capital।
- Overdraft।
- Funding the Unfunded की अवधारणा।
- MUDRA मुख्यतः Refinance Agency है, प्रत्यक्ष ऋणदाता नहीं।
UPPCS: 2017
18. स्टैंड-अप इंडिया योजना — Stand-Up India
शुरुआत: 5 अप्रैल 2016
मंत्रालय: वित्त मंत्रालय
लक्षित वर्ग
- महिला उद्यमी
- SC उद्यमी
- ST उद्यमी
मुख्य उद्देश्य
जमीनी स्तर पर उद्यमिता, आर्थिक सशक्तीकरण एवं रोजगार सृजन को बढ़ावा देना।
प्रमुख विशेषताएँ
- ऋण: ₹10 लाख से ₹1 करोड़।
- Greenfield Enterprises।
- विनिर्माण, सेवा, व्यापार एवं कृषि-संबंधित गतिविधियाँ।
- 18 वर्ष से अधिक आयु के SC/ST एवं/या महिला उद्यमी।
- गैर-व्यक्तिगत उद्यम में कम-से-कम 51% स्वामित्व एवं नियंत्रण SC/ST एवं/या महिला उद्यमी के पास।
- लाभार्थी का संबंधित क्षेत्र में पहला उद्यम होना चाहिए।
- ऋणदाता संस्था के प्रति डिफॉल्टर नहीं होना चाहिए।
- Margin Money अधिकतम 15% तक।
- लाभार्थी का न्यूनतम 10% स्वयं का योगदान।
- आवेदन बैंक शाखा, Stand-Up India Portal या जिला अग्रणी बैंक प्रबंधक के माध्यम से।
19. अटल पेंशन योजना — APY
शुरुआत: 2015
प्रकृति: केंद्रीय क्षेत्रक योजना
कार्यान्वयन: PFRDA द्वारा NPS के तहत
मुख्य उद्देश्य
विशेष रूप से असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों को वृद्धावस्था में नियमित आय की सुरक्षा देना।
पात्रता
- 18–40 वर्ष आयु के बैंक खाताधारक।
- आयकरदाता APY में शामिल नहीं हो सकते।
गारंटीकृत पेंशन
60 वर्ष की आयु के बाद:
₹1,000 से ₹5,000 प्रति माह
पेंशन चुनी गई योजना के अनुसार निर्धारित होती है।
अन्य विशेषताएँ
- Subscriber की मृत्यु के बाद spouse को पेंशन।
- दोनों की मृत्यु के बाद nominee को संचित corpus।
- योगदान प्रवेश आयु और चुनी गई पेंशन पर निर्भर।
- भुगतान मासिक, त्रैमासिक या अर्धवार्षिक किया जा सकता है।
- 2015–16 में शामिल पात्र subscribers के लिए सरकार ने 5 वर्षों तक योगदान का 50% या ₹1,000 प्रति वर्ष, जो कम हो, योगदान किया।
20. स्वावलंबन योजना — Swavalamban Scheme
घोषणा: केंद्रीय बजट 2010–11
शुरुआत: 26 सितंबर 2010
कार्यान्वयन एजेंसी: PFRDA
मुख्य उद्देश्य
गरीब एवं असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों में Retirement Saving को बढ़ावा देना और वृद्धावस्था में आय सुरक्षा उपलब्ध कराना।
यह योजना असंगठित क्षेत्र के Subscribers के लिए New Pension System (NPS) से जुड़ी थी।
प्रमुख विशेषताएँ
- सरकार प्रत्येक पात्र Subscriber के लिए ₹1,000 प्रति वर्ष योगदान करती थी।
- Subscriber स्वयं ₹1,000–₹12,000 प्रति वर्ष योगदान करता था।
- सरकारी सहायता प्रारंभिक वर्ष तथा उसके बाद के 3 वर्षों के लिए प्रस्तावित थी।
- 2010–11 से शुरू होकर 4 वर्षों में प्रति वर्ष 10 लाख Subscribers का लक्ष्य।
- मार्च 2014 तक 40 लाख Subscribers का समग्र लक्ष्य।
UPPCS: 2016
21. प्रधानमंत्री वय वंदना योजना — PMVVY
शुरुआत: 2017
लक्षित वर्ग: 60 वर्ष एवं उससे अधिक आयु के वरिष्ठ नागरिक
कार्यान्वयन एजेंसी: LIC
अवधि
- प्रारंभिक अवधि: 4 मई 2017 से 31 मार्च 2020।
- विस्तार: 31 मार्च 2023 तक।
- योजना अवधि: 10 वर्ष।
प्रमुख विशेषताएँ
- न्यूनतम प्रवेश आयु: 60 वर्ष।
- अधिकतम आयु सीमा नहीं।
- अधिकतम निवेश: ₹15 लाख प्रति वरिष्ठ नागरिक।
- पेंशन भुगतान:
- मासिक
- त्रैमासिक
- अर्धवार्षिक
- वार्षिक
- भुगतान माध्यम: NEFT / Aadhaar Enabled Payment System।
- योजना को GST से छूट।
- संचालन का अधिकार LIC को।
Maturity एवं Death Benefit
- 10 वर्ष पूरे होने पर Purchase Price + अंतिम Pension Installment।
- Policy अवधि में मृत्यु होने पर Purchase Price वापस।
- गंभीर/अंतिम बीमारी जैसी विशेष परिस्थितियों में Premature Exit।
- Premature Exit पर Purchase Price का 98% वापस।
UPPCS: 2016, 2020
22. NPS वात्सल्य योजना
घोषणा: केंद्रीय बजट 2024–25
लक्षित वर्ग: 18 वर्ष से कम आयु के बच्चे
नियामक: PFRDA
कानूनी आधार: PFRDA Act, 2013
मुख्य उद्देश्य
बच्चों में कम उम्र से:
- बचत की आदत।
- वित्तीय साक्षरता।
- सुरक्षित वित्तीय भविष्य।
को बढ़ावा देना।
प्रमुख विशेषताएँ
- माता-पिता/अभिभावक बच्चे के नाम पर खाता खोल सकते हैं।
- न्यूनतम योगदान ₹250 प्रति वर्ष।
- अधिकतम योगदान सीमा नहीं।
- रिश्तेदार एवं मित्र भी योगदान कर सकते हैं।
- Registered PoP, Online Facility एवं eNPS से खाता खोला जा सकता है।
- PFRDA में Registered Pension Fund का चयन।
- 18 वर्ष के बाद खाता अधिकतम 21 वर्ष की आयु तक NPS Vatsalya के अंतर्गत जारी रह सकता है।
- बच्चा NPS All Citizen Model या अन्य लागू मॉडल में स्थानांतरित हो सकता है।
- 18 वर्ष की आयु पर नया KYC एवं Nominee विवरण देना आवश्यक।
23. निर्यातकों के लिए ऋण गारंटी योजना — CGSE
शुरुआत: 2025
नोडल विभाग: वित्त मंत्रालय का Department of Financial Services
कार्यान्वयन एजेंसी: NCGTC
लक्षित वर्ग
- MSME Exporters
- Non-MSME Exporters
- Direct Exporters
- Indirect Exporters
अवधि
31 मार्च 2026 तक या ₹20,000 करोड़ की गारंटी जारी होने तक, जो पहले हो।
प्रमुख विशेषताएँ
| बिंदु | विवरण |
|---|---|
| ऋण गारंटी | 100% |
| अतिरिक्त जमानत | आवश्यक नहीं |
| ऋण सीमा | मौजूदा Export Credit/Working Capital Limit के 20% तक |
| अधिकतम ऋण | ₹50 करोड़ प्रति उधारकर्ता |
| बैंक/वित्तीय संस्था ब्याज | अधिकतम 10% |
| NBFC ब्याज | अधिकतम 14% |
| ऋण अवधि | 4 वर्ष |
| Principal Repayment Moratorium | 1 वर्ष |
| Guarantee Fee | शून्य |
मुख्य उद्देश्य निर्यातकों की अल्पकालिक तरलता की समस्या दूर करना, व्यवसाय निरंतरता बनाए रखना तथा नए एवं उभरते बाजारों में निर्यात को बढ़ावा देना है।
24. प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना — PMJJBY
शुरुआत: 9 मई 2015, कोलकाता
लक्षित वर्ग: 18–50 वर्ष
प्रकृति: सरकार समर्थित जीवन बीमा योजना
प्रमुख विशेषताएँ
- बीमा कवर: ₹2 लाख।
- वार्षिक Premium: ₹436।
- बैंक खाते से स्वतः Premium कटौती।
- बीमा अवधि: 1 जून से 31 मई।
- योजना शुद्ध Term Life Insurance है।
- सामान्यतः Medical Examination आवश्यक नहीं।
- परिपक्वता आयु: 55 वर्ष।
25. प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना — PMSBY
शुरुआत: 8 मई 2015, कोलकाता
लक्षित वर्ग: 18–70 वर्ष के बैंक खाताधारक
प्रकृति: सरकार समर्थित दुर्घटना बीमा योजना
प्रमुख विशेषताएँ
| स्थिति | बीमा राशि |
|---|---|
| मृत्यु | ₹2 लाख |
| पूर्ण स्थायी दिव्यांगता | ₹2 लाख |
| आंशिक स्थायी दिव्यांगता | ₹1 लाख |
अन्य तथ्य:
- वार्षिक Premium: ₹20।
- बैंक खाते से स्वतः कटौती।
- बीमा अवधि: 1 जून से 31 मई।
- सार्वजनिक क्षेत्र की सामान्य बीमा कंपनियों के माध्यम से प्रशासन।
- GST से छूट।
- एक व्यक्ति केवल एक बैंक खाते के माध्यम से योजना से जुड़ सकता है।
- नए नामांकन पर 45 दिनों की प्रतीक्षा अवधि।
4. श्रम एवं रोजगार मंत्रालय
26. प्रधानमंत्री विकसित भारत रोजगार योजना — PM-VBRY
पूर्व नाम: Employment Linked Incentive (ELI) Scheme
प्रभावी: 1 अगस्त 2025
कुल परिव्यय: ₹99,446 करोड़
अवधि: 2025–27
लक्ष्य: 3.5 करोड़ से अधिक रोजगार
मुख्य उद्देश्य
- रोजगार सृजन।
- पहली बार रोजगार पाने वाले कर्मचारियों को प्रोत्साहन।
- Formal Employment का विस्तार।
- Social Security का विस्तार।
- विनिर्माण क्षेत्र पर विशेष फोकस।
भाग-A: पहली बार रोजगार पाने वाले कर्मचारी
- EPFO में पंजीकृत।
- मासिक आय ₹1 लाख तक।
- अधिकतम ₹15,000 सहायता।
- सहायता दो किस्तों में।
- 6 माह एवं 12 माह की निरंतर सेवा से जुड़ी शर्तें।
- Financial Literacy से संबंधित शर्तें।
भाग-B: नियोक्ताओं के लिए प्रोत्साहन
- EPFO-पंजीकृत प्रतिष्ठानों को अतिरिक्त रोजगार सृजन पर ₹3,000 प्रति कर्मचारी प्रति माह तक।
- सामान्यतः 2 वर्ष तक।
- विनिर्माण क्षेत्र में 4 वर्ष तक।
- नए कर्मचारी का कम-से-कम 6 माह रोजगार में बने रहना आवश्यक।
लक्ष्य
- लगभग 1.92 करोड़ First-time Employees।
- लगभग 2.6 करोड़ अतिरिक्त रोजगार।
भुगतान
- कर्मचारियों को Aadhaar आधारित भुगतान।
- नियोक्ताओं को PAN-संबद्ध खातों के माध्यम से भुगतान।
27. प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन योजना — PM-SYM
शुरुआत: 2019
प्रकृति: केंद्रीय क्षेत्रक योजना
लक्षित वर्ग: असंगठित क्षेत्र के श्रमिक
मुख्य उद्देश्य
असंगठित श्रमिकों को वृद्धावस्था में सामाजिक सुरक्षा एवं न्यूनतम सुनिश्चित पेंशन प्रदान करना।
प्रमुख विशेषताएँ
- स्वैच्छिक एवं अंशदायी पेंशन योजना।
- Subscriber एवं केंद्र सरकार का 50:50 योगदान।
- 60 वर्ष की आयु के बाद ₹3,000 प्रति माह सुनिश्चित पेंशन।
- Subscriber की मृत्यु के बाद spouse को 50% पेंशन।
- LIC Pension Manager।
- CSC के माध्यम से नामांकन।
- पात्रता: 18–40 वर्ष के असंगठित श्रमिक।
- Income Tax Payers पात्र नहीं।
- EPFO/ESIC/NPS से आच्छादित व्यक्ति पात्र नहीं।
- योगदान में चूक होने पर बकाया राशि एवं निर्धारित दंड देकर योगदान नियमित किया जा सकता है।
5. आवासन एवं शहरी कार्य मंत्रालय
28. प्रधानमंत्री स्ट्रीट वेंडर्स आत्मनिर्भर निधि — PM SVANidhi
शुरुआत: 2020
प्रकृति: केंद्रीय क्षेत्रक योजना
मंत्रालय: MoHUA
लक्षित वर्ग: शहरी Street Vendors
मुख्य उद्देश्य
Street Vendors को बिना जमानत Working Capital Loan उपलब्ध कराकर उनके व्यवसाय को पुनः शुरू करने में सहायता करना।
ऋण व्यवस्था
| चरण | ऋण |
|---|---|
| पहला चरण | ₹15,000 तक |
| समय पर पुनर्भुगतान के बाद | ₹25,000 |
| अगला चरण | ₹50,000 तक |
अन्य विशेषताएँ
- Collateral की आवश्यकता नहीं।
- समय पर पुनर्भुगतान पर 7% प्रतिवर्ष ब्याज सब्सिडी।
- UPI/Digital Payment पर Cashback Incentive।
- CGTMSE के माध्यम से Credit Guarantee।
- दूसरे ऋण के पुनर्भुगतान के बाद पात्र Vendors को UPI-linked RuPay Credit Card।
29. Smart Cities Mission — SCM
शुरुआत: 25 जून 2015
लक्ष्य: 100 Smart Cities
प्रकृति: केंद्र प्रायोजित योजना
मिशन अवधि: 31 मार्च 2025 तक
मुख्य उद्देश्य
- बेहतर शहरी अवसंरचना।
- Smart Services।
- बेहतर जीवन-गुणवत्ता।
- Sustainable Urban Development।
प्रमुख विशेषताएँ
- Area-Based Development।
- पूरे शहर में लागू परियोजनाएँ।
- शहर स्तर पर Special Purpose Vehicle।
- SPV कंपनी अधिनियम, 2013 के तहत Limited Company।
- राज्य/केंद्रशासित प्रदेश + Urban Local Body = 50:50 हिस्सेदारी।
- केंद्रीय वित्तपोषण ₹48,000 करोड़।
- नगर निगम बॉण्ड।
- Public-Private Partnership।
- विभिन्न सरकारी योजनाओं का Convergence।
महत्वपूर्ण: “Smart City” की कोई सार्वभौमिक मानक परिभाषा नहीं है।
30. कायाकल्प एवं शहरी परिवर्तन मिशन 2.0 — AMRUT 2.0
शुरुआत: 2021
प्रकृति: केंद्र प्रायोजित योजना
अवधि: 2025–26 तक
मुख्य उद्देश्य
शहरों को जल-सुरक्षित बनाना तथा सभी घरों तक कार्यशील नल कनेक्शन उपलब्ध कराना।
प्रमुख विशेषताएँ
- 4,372 शहरों/कस्बों के सभी शहरी परिवारों तक जलापूर्ति।
- 500 AMRUT शहरों में 100% Sewerage एवं Septage Management।
- जल निकायों का पुनर्जीवन।
- Green Areas एवं Parks का विकास।
- Treated Wastewater का पुनः उपयोग।
- शहर की लगभग 20% जल मांग तथा औद्योगिक मांग की 40% तक पूर्ति का लक्ष्य।
- Non-Revenue Water को 20% से कम करने पर जोर।
- Water Quality Index।
- Urban Planning Reforms।
- Municipal Finance Reforms।
- Water Balance एवं Water Action Plan।
- 10 लाख से अधिक आबादी वाले शहरों में PPP Projects।
- कम-से-कम 10% शहरी निधि PPP हेतु।
- महिला स्वयं सहायता समूहों एवं युवाओं की भागीदारी।
- जन-जागरूकता एवं Behaviour Change Communication।
UPPCS: 2025
6. ग्रामीण विकास मंत्रालय
31. स्वर्णजयंती ग्राम स्वरोजगार योजना — SGSY
शुरुआत: 1999
नोडल मंत्रालय: ग्रामीण विकास मंत्रालय
लक्षित वर्ग: गरीबी रेखा से नीचे रहने वाले ग्रामीण परिवार
मुख्य उद्देश्य
ग्रामीण क्षेत्रों में स्वरोजगार एवं स्थायी आय-सृजन को बढ़ावा देना।
प्रमुख विशेषताएँ
- स्वरोजगार हेतु वित्तीय सहायता।
- प्रशिक्षण एवं अन्य सहयोग।
- ग्रामीण गरीबों को आय-सृजन गतिविधियों से जोड़ना।
- 2011 में NRLM द्वारा प्रतिस्थापित।
- 2015 में NRLM का नाम बदलकर DAY-NRLM किया गया।
- DAY-NRLM का लक्ष्य ग्रामीण गरीब परिवारों का संगठन, क्षमता निर्माण एवं आजीविका सुदृढ़ीकरण।
- कार्यक्रम को विश्व बैंक का आंशिक समर्थन प्राप्त है।
32. दीन दयाल उपाध्याय ग्रामीण कौशल योजना — DDU-GKY
शुरुआत: 25 सितंबर 2014
अंतर्गत: राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन
नोडल मंत्रालय: ग्रामीण विकास मंत्रालय
लक्षित वर्ग: गरीब ग्रामीण परिवारों के 15–35 वर्ष के युवा
मुख्य उद्देश्य
ग्रामीण युवाओं को कौशल प्रशिक्षण देकर रोजगार एवं आय के अवसर उपलब्ध कराना।
प्रमुख विशेषताएँ
- निःशुल्क कौशल प्रशिक्षण।
- रोजगारोन्मुख प्रशिक्षण।
- Soft Skills।
- Functional English।
- Computer Literacy।
- न्यूनतम 160 घंटे प्रशिक्षण।
- Residential Training में मुफ्त आवास एवं भोजन।
- Non-Residential Training में निर्धारित सहायता।
- Placement।
- Wage Incentive।
- Migration Support।
- Biometric Attendance।
- Tablet।
- Computer Lab।
- E-learning।
- Private Sector, Training Institutions एवं Civil Society की भागीदारी।
- Standard Operating Procedures।
- Monitoring एवं Audit।
- Public Financial Management System।
- DDU-GKY 2.0 के माध्यम से योजना को अधिक प्रभावी बनाने की तैयारी।
UPPCS: 2022
33. श्यामा प्रसाद मुखर्जी रूर्बन मिशन — SPMRM
शुरुआत: 21 फरवरी 2016
नोडल मंत्रालय: ग्रामीण विकास मंत्रालय
लक्ष्य: 300 Rurban Clusters
मुख्य उद्देश्य
ग्रामीण क्षेत्रों में स्थानीय आर्थिक विकास, बेहतर आधारभूत सेवाएँ एवं ग्रामीण-शहरी अंतर को कम करना।
मूल विचार
“गाँव की आत्मा, शहर की सुविधाएँ”
Rurban Cluster
भौगोलिक रूप से जुड़े गाँवों का समूह।
जनसंख्या
- मैदानी/तटीय क्षेत्र: 25,000–50,000।
- मरुस्थलीय/जनजातीय/पहाड़ी क्षेत्र: 5,000–15,000।
प्रमुख विशेषताएँ
- Tribal एवं Non-Tribal Clusters।
- सरकारी योजनाओं का Convergence।
- 30% तक Critical Gap Funding।
- Skill Development।
- Digital Literacy।
- 24×7 Piped Water Supply।
- Sanitation।
- School Upgradation।
- Integrated Cluster Action Plan — ICAP।
ICAP प्रत्येक Cluster के विकास की रणनीति एवं आवश्यक संसाधनों की प्रमुख योजना है।
34. प्रधानमंत्री आवास योजना–ग्रामीण — PMAY-G
शुरुआत: 1 अप्रैल 2016
नोडल मंत्रालय: ग्रामीण विकास मंत्रालय
लक्षित वर्ग
- बेघर ग्रामीण परिवार।
- कच्चे एवं जर्जर मकानों में रहने वाले ग्रामीण परिवार।
मुख्य उद्देश्य
ग्रामीण क्षेत्रों में सभी के लिए पक्का एवं मूलभूत सुविधाओं से युक्त आवास उपलब्ध कराना।
मिशन
“सभी के लिए आवास”
प्रमुख विशेषताएँ
- न्यूनतम आवास आकार: 25 वर्ग मीटर।
- स्वच्छ खाना पकाने के लिए अलग स्थान।
- लाभार्थी पहचान SECC के आधार पर।
- ग्राम सभा द्वारा सत्यापन।
- ₹2 लाख तक के आवास ऋण पर 3% ब्याज सब्सिडी।
- ऋण अवधि अधिकतम 20 वर्ष या वास्तविक ऋण अवधि, जो भी कम हो।
- ग्रामीण क्षेत्र के ऐसे परिवार जो PMAY-G की स्थायी प्रतीक्षा सूची से बाहर हैं, PDF में दिए प्रावधान के अनुसार लाभार्थी संदर्भ में शामिल हैं।
UPPCS: 2016, 2023
7. स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय
35. आयुष्मान भारत — प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना — PM-JAY
शुरुआत: 23 सितंबर 2018
स्थान: रांची, झारखंड
मंत्रालय: स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय
कार्यान्वयन: National Health Authority — NHA
मुख्य उद्देश्य
गरीब एवं कमजोर परिवारों को Secondary एवं Tertiary Healthcare के लिए वित्तीय सुरक्षा प्रदान करना।
प्रमुख विशेषताएँ
- ₹5 लाख प्रति परिवार प्रति वर्ष तक स्वास्थ्य कवर।
- सरकारी एवं सूचीबद्ध निजी अस्पतालों में Cashless Treatment।
- Pre-Hospitalisation एवं Post-Hospitalisation Expenses निर्धारित पैकेज के अनुसार।
- परिवार के आकार, आयु या लिंग पर कोई सीमा नहीं।
- देशभर में लाभ की Portability।
- राज्यों एवं केंद्रशासित प्रदेशों के सहयोग से NHA द्वारा क्रियान्वयन।
UPPCS: 2020
36. प्रधानमंत्री पोषण शक्ति निर्माण योजना — PM POSHAN
प्रकृति: केंद्र प्रायोजित योजना
पूर्व नाम: Mid-Day Meal Scheme
मंत्रालय: शिक्षा मंत्रालय
विभाग: स्कूल शिक्षा एवं साक्षरता विभाग
लक्षित वर्ग
सरकारी एवं सरकारी सहायता प्राप्त विद्यालयों के पात्र बच्चे।
मुख्य उद्देश्य
बच्चों को पौष्टिक पका हुआ भोजन उपलब्ध कराना तथा भूख एवं कुपोषण से निपटना।
प्रमुख विशेषताएँ
- विद्यालय के दिनों में गर्म पका हुआ भोजन।
- लैंगिक या सामाजिक भेदभाव के बिना पात्र बच्चों तक लाभ।
- नामांकन बढ़ाना।
- उपस्थिति बढ़ाना।
- विद्यालय में टिकाव बढ़ाना।
- बेहतर पोषण के माध्यम से सीखने की क्षमता में सुधार।
- बच्चों को साथ भोजन कराने से सामाजिक समानता को बढ़ावा।
- पोषण शिक्षा एवं Learning Outcomes पर जोर।
UPPCS: 2020, 2023
37. जननी सुरक्षा योजना — JSY
शुरुआत: 12 अप्रैल 2005
मंत्रालय: स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय
प्रकृति: केंद्र प्रायोजित योजना
अंतर्गत: National Health Mission — NHM
मुख्य उद्देश्य
संस्थागत प्रसव को बढ़ावा देकर मातृ एवं नवजात मृत्यु दर को कम करना।
प्रमुख विशेषताएँ
- 100% केंद्रीय वित्तपोषण के माध्यम से नकद सहायता।
- BPL महिलाओं एवं निर्धारित कमजोर वर्गों पर विशेष ध्यान।
- सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों में सहायता।
- मान्यता प्राप्त निजी संस्थानों में प्रसव से संबंधित सहायता।
- प्रसव एवं प्रसवोत्तर देखभाल तक सुरक्षित मातृ स्वास्थ्य सेवाओं की पहुँच।
- Caesarean प्रसव एवं प्रसूति जटिलताओं की स्थिति में विशेषज्ञ सेवाओं हेतु सहायता।
- लागू प्रावधानों के तहत विशेषज्ञ की नियुक्ति हेतु ₹1,500 प्रति मामला तक सहायता।
UPPCS: 2023
📊 Government Schemes — Quick Revision Table
| योजना | वर्ष | मुख्य विषय |
|---|---|---|
| Digital Krishi Mission | 2024 | Digital Agriculture |
| NMEO–Oilseeds | 2024 | खाद्य तेल |
| दलहन में आत्मनिर्भरता मिशन | 2025–26 | दलहन |
| NMEO–OP | 2021 | Oil Palm |
| NFSM | 2007 | खाद्य एवं पोषण सुरक्षा |
| RKVY | 2007–08 | कृषि विकास |
| PMDDKY | 2025 | आकांक्षी कृषि जिले |
| PM-KISAN | 2018 | किसान आय सहायता |
| PMKSY | 2015 | सिंचाई |
| NFSA | 2013 | खाद्य सुरक्षा |
| PMGKAY | 2020 | मुफ्त खाद्यान्न |
| AAY | 2000 | गरीब परिवार |
| ONORC | 2019 | राशन Portability |
| PSF | 2014–15 | मूल्य स्थिरीकरण |
| Jago Grahak Jago | 2005 | उपभोक्ता जागरूकता |
| PMJDY | 2014 | वित्तीय समावेशन |
| PMMY | 2015 | छोटे व्यवसाय हेतु ऋण |
| Stand-Up India | 2016 | महिला/SC/ST उद्यमिता |
| APY | 2015 | पेंशन |
| Swavalamban | 2010 | वृद्धावस्था सुरक्षा |
| PMVVY | 2017 | वरिष्ठ नागरिक |
| NPS Vatsalya | 2024 | बच्चों की बचत |
| CGSE | 2025 | Export Credit |
| PMJJBY | 2015 | जीवन बीमा |
| PMSBY | 2015 | दुर्घटना बीमा |
| PM-VBRY | 2025 | रोजगार |
| PM-SYM | 2019 | असंगठित श्रमिक पेंशन |
| PM SVANidhi | 2020 | Street Vendors |
| Smart Cities Mission | 2015 | शहरी विकास |
| AMRUT 2.0 | 2021 | जल एवं शहरी सेवाएँ |
| SGSY | 1999 | ग्रामीण स्वरोजगार |
| DDU-GKY | 2014 | ग्रामीण कौशल |
| SPMRM | 2016 | Rurban Development |
| PMAY-G | 2016 | ग्रामीण आवास |
| AB-PMJAY | 2018 | स्वास्थ्य सुरक्षा |
| PM POSHAN | — | विद्यालयी पोषण |
| JSY | 2005 | संस्थागत प्रसव |
🎯 परीक्षा के लिए सबसे महत्वपूर्ण One-Liner Facts
कृषि
- PM-KISAN → ₹6,000 प्रति वर्ष।
- PMKSY → “हर खेत को पानी”।
- PMKSY → “प्रति बूंद–अधिक फसल”।
- NMEO-Oilseeds → खाद्य तेल में आत्मनिर्भरता।
- NMEO-OP → Oil Palm।
- NFSM → Food + Nutrition Security।
- RKVY → Agriculture Development।
- PMDDKY → 100 आकांक्षी कृषि जिले।
- दलहन मिशन → अरहर, उड़द और मसूर की MSP पर 100% खरीद।
खाद्य सुरक्षा
- NFSA → अधिकार आधारित खाद्य सुरक्षा।
- PMGKAY → मुफ्त खाद्यान्न।
- AAY → सबसे गरीब परिवार।
- ONORC → राशन की देशव्यापी Portability।
- PSF → कीमतों में स्थिरता।
- Jago Grahak Jago → Consumer Awareness।
वित्तीय समावेशन एवं सामाजिक सुरक्षा
- PMJDY → Financial Inclusion।
- PMMY → Funding the Unfunded।
- Stand-Up India → Women + SC/ST Entrepreneurs।
- APY → Pension।
- PMJJBY → Life Insurance।
- PMSBY → Accident Insurance।
- PMVVY → Senior Citizens।
- NPS Vatsalya → Children/Pension Savings।
- PM-SYM → Unorganised Workers Pension।
रोजगार
- PM-VBRY → Employment Generation।
- DDU-GKY → Rural Skill Development।
- SGSY → Rural Self Employment।
शहरी विकास
- Smart Cities Mission → 100 Smart Cities।
- AMRUT 2.0 → Water Security।
- PM SVANidhi → Street Vendors।
ग्रामीण विकास
- SPMRM → Rurban Clusters।
- PMAY-G → Rural Housing।
- DDU-GKY → Rural Youth Skill Development।
स्वास्थ्य एवं शिक्षा
- AB-PMJAY → ₹5 लाख प्रति परिवार प्रति वर्ष स्वास्थ्य कवर।
- PM POSHAN → School Nutrition।
- JSY → Institutional Delivery।
📝 UPPCS में पूछी गई/स्रोत में चिह्नित महत्वपूर्ण योजनाएँ
| योजना | प्रश्न/वर्ष |
|---|---|
| RKVY | UPPCS 2009, 2017 |
| NFSM | UPPCS 2017 |
| PMJDY | UPPCS 2017 |
| PMMY | UPPCS 2017 |
| Swavalamban | UPPCS 2016 |
| PMVVY | UPPCS 2016, 2020 |
| AMRUT 2.0 | UPPCS 2025 |
| DDU-GKY | UPPCS 2022 |
| SPMRM | UPPCS 2023 |
| PMAY-G | UPPCS 2016, 2023 |
| AB-PMJAY | UPPCS 2020 |
| PM POSHAN | UPPCS 2020, 2023 |
| JSY | UPPCS 2023 |
📌 Government Schemes को कैसे पढ़ें?
UPSC/UPPCS Prelims के लिए प्रत्येक सरकारी योजना के 5 सबसे महत्वपूर्ण Points याद रखें:
1. Scheme Name
योजना का नाम और Full Form।
2. Year
योजना कब शुरू हुई?
3. Ministry
कौन-सा मंत्रालय या विभाग योजना को संचालित करता है?
4. Target Group
योजना किस वर्ग के लिए है?
5. Key Feature
योजना की सबसे महत्वपूर्ण विशेषता क्या है?
उदाहरण:
PM-KISAN → 2018 → MoA&FW → किसान → ₹6,000/वर्ष DBT
इसी प्रकार हर योजना को पाँच बिंदुओं में याद करने से Prelims Revision तेज हो जाता है।
सरकारी योजनाएँ भारत की सामाजिक एवं आर्थिक विकास व्यवस्था का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं। कृषि से लेकर खाद्य सुरक्षा, बैंकिंग, बीमा, पेंशन, रोजगार, ग्रामीण विकास, शहरी विकास, स्वास्थ्य और शिक्षा तक विभिन्न योजनाएँ अलग-अलग लक्षित वर्गों को सहायता प्रदान करती हैं।
प्रतियोगी परीक्षाओं में इन योजनाओं को केवल नाम के रूप में याद करना पर्याप्त नहीं है। योजना + वर्ष + मंत्रालय + लक्षित वर्ग + मुख्य उद्देश्य + प्रमुख लाभ को एक साथ पढ़ना अधिक उपयोगी है।
विशेष रूप से UPSC और UPPCS Prelims में योजनाओं से संबंधित प्रश्नों के लिए योजना की प्रकृति — Central Sector Scheme या Centrally Sponsored Scheme, मंत्रालय, लाभार्थी और प्रमुख वित्तीय प्रावधानों पर विशेष ध्यान देना चाहिए


